Bhagwan Parshuram story Hindi

दोस्तों इस कहानी मे हम भागवान Parshuram से जुडी हुई जानकारी  और Bhagwan Parshuram story Hindi

दे रहे है Why Did Parshuram Killed His Own Motherin Hindi भागवान Parshuram ने अपनी

Bhagwan Parshuram story Hindi

क्यों काटा था भगवान परशुराम ने अपनी ही माँ का सिर ?जानिए इस कहानी मे

दोस्तों इस कहानी मे हम भागवान Parshuram से जुडी हुई जानकारी दे रहे है Why Did Parshuram Killed His Own Motherin Hindi भागवान Parshuram ने अपनी

माता का सर काट दिया था ये तो सभी लोग जानते होगे पर इसके पीछे क्या कारण था|

क्या आप जानते है ? अगर जानना चाहते है तो पढ़िए पूरी कहानी को

भगवान विष्णु के 6 वे अवतार Parshuram ने अपनी ही माता और 4 भाइयो का सर काट दिया था|

परशुराम माता रेणुका और जमदग्नि ऋषि के पुत्र थे ,

जमदग्नि ऋषि और माता रेणुका के 5 तेजस्वी पुत्र थे जिनके नाम थे|

रुक्मवान , शुशेणु , वशु ,विशव वशु और परशुराम

Parshuram भगवान को शिव जी से एक विशेष परशु प्राप्त हुआ था ,

परशुराम का पहला नाम सिर्फ राम था पर भगवान शिव से मिले परशु को हमेशा

धारण करके रखने के कारण इनका नाम परशुराम पड़ा था| भगवन परशुराम वावन और

भगवान राम के मध्य मे गिने जाने वाले भगवन विष्णु के 6 वे अवतार थे

Bhagwan parshuram Story in Hindi,

एक बार की बात है माता रेणुका पानी लाने के लिए नदी पर गयी ,

वहा पर एक खुबसुरत राजकुमार नदी मे खेल रहा था और नाहा रहा था ,

राजकुमार इतना खुबसुरत था की माता रेणुका का ध्यान उस राजकुमार की तरफ आकर्षित हो गया

और वह विचलित हो गयी और उस राजकुमार को निहारते हुए उन्होंने अपना बहुत सारा समय वही पर बिता दिया

,उधर जमदग्नि ऋषि माता रेणुका के वापिस आने का इन्तेजार कर रहे थे पर माता रेणुका काफी समय बाद वापिस

अपने पाती के पास पानी लेकर पहुची जब वह आश्रम मे परवेश करती है तब ऋषि जमदग्नि अपने अंतर्ध्यान से माता

रेणुका के देर से आने का कारण जान लेते है और वह क्रोधित हो उठते है और अपने सबसे बड़े पुत्र को बुलाकर अपनी

माता का गला काटने का हुकुम देते है परुन्तु उनका बड़ा पुत्र अपनी माँ के मोह वश ऐसा नहीं कर पाया फिर उन्होंने

Bhagwan Parshuram story Hindi

अपने दुसरे पुत्र को अपनी माँ का गला काट देने का हुकुम दिया पर वह भी माँ का गला ना काट सका

परशुराम से बड़े चारो भाइयो को बारी बारी से अपनी माँ का गला काटने का हुकुम दिया गया पर वह नहीं काट सके

उन्हें कुछ भी समज नहीं आ रहा था क्योकि एक तरफ वैदिक संस्क्रती के अनुसार किसी भी महिला की हत्या करना

एक बहुत बड़ा पाप है और यहाँ तो उन्हें खुद की माँ की हत्या के लिए बोला जा रहा था और दूसरी तरफ अपने पिता के आदेश को ना मानना आदेश की अवेलना करना भी बड़ा अपराध है

पर जब उनके चारो बड़े पुत्रो ने अपनी माता को मारने से इंकार कर दिया तब ऋषि

ने अपने छोटे पुत्र Parshuram को अपनी माता और चारो अवज्ञाकारी भाइयो को मारने का आदेश दिया

परशुराम ने अपने पिता की शक्तियों के बारे मे सोचा की अगर वह अपने पिता की

आज्ञा का पालन नहीं करेगे तो उन्हें श्राप मिल जायेगा और अगर वह अपने पिता की

Bhagwan Parshuram story Hindi

आज्ञा का पालन करेगे तो उनके पिता खुस्श होकर उन्हें मुह माँगा वरदान देंगे , जिससे

वह अपनी माता और भाइयो को फिर से जीवित करवा लेगे |

और फर परशुराम ने अपनी माता और चारो भाइयो का सर एक एक करके काट दिया

और यह देख कर ऋषि बहुत प्रसन्न हुए और Parshuram को वरदान मांगने को कहा |

परशुराम ने ऋषि से यह वरदान माँगा की उनकी माता और चारो भाइयो को वह फिर से

जीवित करदे उनकी माता और भाइयो  को अपनी इस म्रत्यु के बारे मे कुछ भी याद ना रहे |

ऋषि को उनका वह वरदान पूरा करना पड़ा ,

Bhagwan Parshuram story Hindi

दोस्तों यह थी वह छोटी सी कहानी जिसमे मेने आपको बताया है की भगवान परशुराम ने

अपनी ही माता का सर क्यों काटा था | इस कहानी को अपने दोस्तों के साथ शेयर जरुर करे

ताकि उन्हें भी इस रहस्य के बारे मे पता चल सके धन्यवाद्

यह भी पढ़े

 

Share
Loading...

About Singh Fact

सतश्रीअकाल दोस्तों मेरा नाम हरप्रीत सिंह है | सिंह फैक्ट डॉट काम मै आपका स्वागत है यहाँ पर आपको पढने के लिए मिलेगे रियल फैक्ट्स एंड स्टोरीज इन हिंदी मै और पंजाबी स्टेटस और शायरी , बस आप लोगो के प्यार और सपोर्ट की जरूरत है वह देते रहिये

View all posts by Singh Fact →

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.